विश्व पर्यावरण दिवस पर कविता World Environment Day Poem in Hindi | Quote

Poem on World Environment Day in Hindi : 5th June

आज मौसम कुछ उदास है
कहना चाहता मुझसे अपनी कोई बात है | 
आजकल कुछ सहमा सा दिखता है,
कोई न कोई तो बात है, जब ही आज बैठा गुमसुम सा उदास है | 
जब मैंने पूछा –
“आज तुम्हारा बदन इतना मैला क्यों है, 
क्यों बैठा तू, इतना गुमसुम सा उदास है |”
तो पलट कर उसने जवाब दिया – 
आजकल स्वास्थ थोड़ा ख़राब है,
ये सब तुम्हारा ही तो किया कलाप है | 
और पूछते मुझसे, क्यों बैठा तू उदास है !!

तुम करते इस पर्यावरण को गन्दा,
पर्यावण की कीमत पर करते आनंद, भोग और क्रिया कलाप हो |
मैंने कहा “आज देश कर रहा विकास है,
किया जा रहा, पर्यावण को शुद्ध करने का प्रयास है, 
फिर भी तू हमसे इतना निराश है|” 

तो कहने लगा ….
मानव कर रहा मात्र, स्वयं का विकास है,
पर्यावरण को स्वच्छ बनाना, उसका दिखावा मात्र है|
फिर भी तुझे नहीं जो रहा, मेरी पीड़ा का आभास है|
क्यों करते इस धरती को तुम गन्दा,
मेरे शुद्ध होने पर ही, तुम्हारे हृदय मे बची साँस है |
यदि सच मे चाहते हो, इस पावन धरती पर तुम जीना,
तो करना पड़ेगा पहले तुम्हे, शुद्ध पर्यावरण का विकास है|
वर्ना मेरे अभाव मे तुम्हारा वास, बन जायेगा यमराज का वास है|

Popular Quote and Slogan on World Environment Day in Hindi

1. आओ मिलकर हम सभी कसम ये खाये, प्रदुषण को हम दूर भगाये | 

2. आओ मिलकल एक नारा लगाए – “प्रदुषण मुक्त हो देश हमारा” | 

3. फैलेगा यदि इसी तरह से प्रदूषण, संकट में पड़ जायेगा सभी प्राणियों का जीवन ।
इसलिए कहते है – “हम सब की है ये जिम्मेदारी, प्रदुषण से मुक्त हो दुनिया हमारी” |

4. बंद करो अपने स्वार्थ के लिए प्रकर्ति का हरण, आओ मिलकल बचाए पर्यावण | 

Read Also – Hindi Poem on Father

Read Also – Essay on Mother

Read Also- Hindi Poem on Mother

Read Also – Nibandh on Swachh Bharat Abhiyan

Read Also – मातृत्व अवकाश के लाभ संशोधन विधेयक 2017 

Leave a Reply